loading…


व्हाट्सएप्प हिंदी शायरी – बोझ पत्थरों का

बोझ पत्थरों का और बढ़ा दो साहब,
मेरे बच्चे ने आज एक फरमाइश की है




loading…





Updated: April 6, 2017 — 5:27 pm

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *




Hindi Shayari - रोमांटिक, दर्द भरी और प्रेरक शायरी © 2017