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हिंदी के शेर दो लाइन में – खुशियाँ भी तरसती हैं

खुशियाँ भी तरसती हैं मुझसे मिलने को
और ग़म तो जैसे कोई जिगरी यार हो मेरा..




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Updated: April 13, 2017 — 2:48 pm

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Hindi Shayari - रोमांटिक, दर्द भरी और प्रेरक शायरी © 2017