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हिंदी के शेर दो लाइन में – मैंने जब भी चाहा

मैंने जब भी चाहा तेरी रूह को ही चाहा,
न कभी तेरे हुस्न की तमन्ना थी न ही तेरी खूबसूरती की




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Updated: April 7, 2017 — 5:31 pm

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Hindi Shayari - रोमांटिक, दर्द भरी और प्रेरक शायरी © 2017