Month: April 2017

शायरी २ लाइन में – सुन कर ग़ज़ल मेरी

सुन कर ग़ज़ल मेरी,
वो अंदाज़ बदल कर बोले,
कोई छीनो कलम इससे,
ये तो जान ले रहा है…….!!


शायरी २ लाइन में – उसने पूछा मुझे पाने के लिये

उसने पूछा, मुझे पाने के लिये किस हद तक जा सकते हो ?
मैंने कहा कि अगर हद ही पार करनी होती
तो तुम्हें कब का पा लिया होता।


शायरी २ लाइन में – पलकें भी चमक जाती हैं

पलकें भी चमक जाती हैं सोते में हमारी,
आँखों को अभी ख्वाब छुपाने नहीं आते ।


शायरी २ लाइन में – किसके लिए तूने

किसके लिए तूने यह जन्नत बनाई, ऐ खुदा;
कौन है यहाँ जो तेरा गुनहगार नहीं!


Hindi Shayari - रोमांटिक, दर्द भरी और प्रेरक शायरी © 2017